केंद्रीय सड़क परिवहन और राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी के नागपुर स्थित आवास को बम से उड़ाने की धमकी मिली है। मामले का पता चलते ही पुलिस ने कुछ ही घंटों में आरोपी की पहचान की और गिरफ्तार किया।
केंद्रीय सड़क परिवहन और राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी के नागपुर स्थित आवास को बम से उड़ाने की धमकी मिलने से शहर में हड़कंप मच गया। रविवार सुबह 8:46 बजे नागपुर पुलिस के आपातकालीन नंबर 112 पर एक अज्ञात कॉलर ने धमकी दी कि गडकरी का वर्धा रोड स्थित एनरिको हाइट्स वाला घर 10 मिनट में बम से उड़ा दिया जाएगा। इस धमकी के बाद पुलिस और सुरक्षा एजेंसियां तुरंत हरकत में आ गईं।
पुलिस की त्वरित कार्रवाई, गहन तलाशी शुरू
धमकी की सूचना मिलते ही नागपुर पुलिस ने गडकरी के दोनों आवासों वर्धा रोड और महल इलाके की गहन तलाशी शुरू की। बम निरोधक दस्ता (बीडीएस) को सक्रिय किया गया और पूरे क्षेत्र में सघन जांच की गई। जोन 1 के पुलिस उपायुक्त (डीसीपी) ऋषिकेश रेड्डी ने बताया कि तलाशी के दौरान कोई विस्फोटक या संदिग्ध सामग्री नहीं मिली, जिससे धमकी को प्रथम दृष्टया फर्जी माना गया।
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कुछ ही घंटों के बाद आरोपी को गिरफ्तार
पुलिस ने कॉल की जांच शुरू की और कुछ ही घंटों में आरोपी की पहचान उमेश विष्णु राउत के रूप में की गई। राउत, जो तुलसी बाग रोड, महल का निवासी है और मेडिकल चौक पर एक देसी शराब की दुकान पर काम करता है, को बीमा दवाखाना क्षेत्र से गिरफ्तार कर लिया गया। पुलिस ने उसके खिलाफ मामला दर्ज कर पूछताछ शुरू कर दी है। प्रारंभिक जांच में धमकी के पीछे का मकसद स्पष्ट नहीं हुआ है, लेकिन पुलिस सभी पहलुओं की गहन जांच कर रही है।
दोनों आवासों पर बढ़ाई गई सुरक्षा
एहतियात के तौर पर गडकरी के दोनों आवासों पर सुरक्षा व्यवस्था को और सख्त कर दिया गया है। गडकरी उस समय नागपुर में ही मौजूद थे, लेकिन वह पूरी तरह सुरक्षित हैं। पुलिस ने पुष्टि की कि स्थिति नियंत्रण में है, और नागरिकों से अफवाहों पर ध्यान न देने की अपील की गई है।
पहले भी मिल चुकी हैं धमकियां
यह पहली बार नहीं है जब नितिन गडकरी को धमकी मिली हो। वर्ष 2023 में भी उनके नागपुर और दिल्ली स्थित कार्यालयों और आवासों पर कई बार धमकी भरे कॉल आए थे। उन मामलों में कर्नाटक की बेलगावी जेल में बंद जयेश पुजारी उर्फ कांथा को आरोपी पाया गया था, जिसके खिलाफ यूएपीए के तहत कार्रवाई की गई थी।
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