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Karwa Chauth 2023: करवा चौथ पर भूलकर भी न करें ये 7 काम, व्रत हो सकता है असफल, जान लें जरूरी बातें

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हाइलाइट्स

इस बार करवा चौथ व्रत 13 घंटे 42 मिनट की अवधि का होगा.
करवा चौथ पर चंद्रोदय रात 08 बजकर 15 मिनट पर होगा.
करवा चौथ पर स्वयं उपयोग की गई सुहाग से जुड़ी सामग्री का दान न करें.

इस साल करवा चौथ का व्रत 1 नवंबर दिन बुधवार को है. अखंड सौभाग्य की कामना से रखा जाने वाला करवा चौथ व्रत कार्तिक कृष्ण चतुर्थी तिथि को होता है. इस दिन सुहागन महिलाएं अपने पति की लंबी आयु के लिए व्रत रखती हैं. इस बार करवा चौथ व्रत 13 घंटे 42 मिनट की अवधि का होगा. सूर्योदय से चंद्रोदय तक यह व्रत रखते हैं. इस बार करवा चौथ पर चंद्रोदय रात 08 बजकर 15 मिनट पर होगा. हालांकि करवा चौथ व्रत के दौरान कुछ बातों का ध्यान रखते हैं, ताकि व्रत असफल न हो. केंद्रीय संस्कृत विश्वविद्यालय पुरी के ज्योतिषाचार्य डॉ. गणेश मिश्र से जानते हैं कि करवा चौथ पर कौन से कार्य नहीं करने चाहिए.

करवा चौथ 2023: भूलकर भी न करें ये 7 काम
1. अन्न और जल ग्रहण न करें
करवा चौथ का व्रत निर्जला होता है. सूर्योदय से पूर्व सरगी खाकर व्रत रखते हैं और पूरे दिन अन्न-जल का त्याग करते हैं. यह एक निराहार व्रत है. इस दिन गलती से भी अन्न और जल ग्रहण न करें, वरना आपका व्रत टूट जाएगा और आपको व्रत का फल प्राप्त नहीं होगा.

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2. सुहाग सामग्री का दान न करें
करवा चौथ का व्रत अखंड सौभाग्य और सुखी वैवाहिक जीवन के लिए रखा जाता है, इसलिए उस दिन स्वयं उपयोग की गई सुहाग से जुड़ी सामग्री जैसे सिंदूर, बिंदी, चूड़ी, महावर, मेहदी आदि का दान किसी को न करें.

3. चंद्र अर्घ्य के बिना पारण न करें
करवा चौथ व्रत में चंद्रोदय के समय छलनी से चांद को देखा जाता है और चंद्रमा को अर्घ्य देते हैं. उसक बाद पति के हाथों जल ग्रहण करके व्रत का पारण करते हैं. उस दिन आप बिना चंद्रमा की पूजा और अर्घ्य दिए पारण न करें. यदि आपके शहर में किसी कारणवश चांद न दिखे तो ज्योतिष उपाय करके पूजा और अर्घ्य दें. उसके बाद पारण करें.

4. दिन में न सोएं
करवा चौथ व्रत रखने वाली महिलाओं को दिन में सोना नहीं चाहिए. व्रत रखकर सोने से व्रत का फल प्राप्त नहीं होता है. वह निष्फल हो जाता है और दोष भी लगता है. करवा चौथ समेत सभी व्रतों में यह नियम लागू होता है. हालांकि जिनको स्वास्थ्य संबंधी समस्याएं हैं, उनको छूट होती है.

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5. काले कपड़े न पहनें
करवा चौथ अखंड सुहाग और सुखी दांपत्य का प्रतीक है. उस दिन काले रंग के कपड़े न पहनें. काले रंग को नकारात्मकता का प्रतीक माना जाता है. उस दिन आप लाल, गुलाबी, पीले, हरे रंग के कपड़े पहन सकती हैं. लाल और गुलाबी को ज्यादा शुभ माना जाता है.

6. करवा चौथ व्रत कथा
करवा चौथ की पूजा उसके व्रत के बिना अधूरी होती है. जब आप शाम के समय में माता गौरी की पूजा करें तो करवा चौथ की व्रत कथा सुनना न भूलें. कथा सुनने से व्रत पूरा होगा और उसका महत्व भी पता चलेगा.

7. सास को पूजा और सुहाग की सामग्री देना न भूलें
करवा चौथ की पूजा के बाद अपनी सास को पूजा और सुहाग की सामग्री देना न भूलें. यदि आप ऐसा करती हैं तो वे खुश होकर आपको अखंड सौभाग्य और सुखी वैवाहिक जीवन का आशीर्वाद देंगी. आपके पति की आयु बढ़ेगी.

Tags: Dharma Aastha, Karva Chauth, Karwachauth

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